TeraWulf की बड़ी योजना
बिटकॉइन माइनिंग कंपनी TeraWulf 3 अरब डॉलर जुटाने की तैयारी में है। यह पैसा नए डेटा सेंटर बनाने में लगेगा। मोर्गन स्टैनली फंडिंग का नेतृत्व कर रहा है और गूगल जोखिम का हिस्सा उठा रहा है।
गूगल का अतिरिक्त सहयोग
गूगल ने 1.4 अरब डॉलर और जोड़े जिससे कुल पैकेज 3.2 अरब डॉलर हो गया। गूगल की मौजूदगी से क्रेडिट रेटिंग बेहतर हो सकती है। समझौते की शर्तें तय हो रही हैं लेकिन शुरुआत अक्टूबर में संभव है।
एआई को क्यों चाहिए माइनर?
एआई बूम के चलते डेटा सेंटर, GPU और बिजली की भारी कमी है। माइनिंग कंपनियों के पास पहले से ही ढांचा और बिजली है। इसी कारण माइनिंग साइट्स का एआई केंद्रों में बदलना आसान है।
Fluidstack डील और गूगल की हिस्सेदारी
अगस्त में TeraWulf ने Fluidstack के साथ 3.7 अरब डॉलर का अनुबंध किया। गूगल ने इसमें समर्थन दिया और 14% हिस्सेदारी भी खरीदी। दोनों सौदों में गूगल की कुल प्रतिबद्धता 3.2 अरब डॉलर हो गई।
शेयर बाजार की प्रतिक्रिया
TeraWulf का शेयर (WULF) 12% चढ़कर $11.72 पहुंचा लेकिन बाद में $10.97 पर बंद हुआ। साल की शुरुआत से इसमें 94% की वृद्धि हुई है। अगस्त में पहली Fluidstack डील के बाद शेयर 80% उछल गया था।
Cipher भी शामिल
Cipher Mining ने भी Fluidstack के साथ ऐसा ही समझौता किया। गूगल ने कंपनी का 5.4% हिस्सा लिया और 1.4 अरब डॉलर की गारंटी दी। ऐसा लगता है गूगल माइनरों की मदद से एआई डेटा सेंटर का साम्राज्य बना रहा है।
