अमेरिका और ईरान के बीच तनाव बढ़ने से बिटकॉइन में तेजी आई। वैश्विक बाजारों में भू-राजनीतिक जोखिम फिर उभरे। क्रिप्टो परिसंपत्तियों में उतार-चढ़ाव बढ़ा।
डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान में विरोध प्रदर्शन जारी रखने की अपील की। समर्थन का संकेत दिया गया लेकिन विवरण नहीं दिया गया। व्हाइट हाउस ने सैन्य विकल्पों पर चर्चा की पुष्टि की।
ईरान से जुड़े व्यापार पर शुल्क ने आर्थिक दबाव बढ़ाया। अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रियाओं से बाजार अनिश्चित बना रहा।
ऐसे माहौल में बिटकॉइन को वैकल्पिक वित्तीय साधन के रूप में देखा गया।
