Drift Protocol ने अपने प्लेटफॉर्म पर असामान्य ट्रेडिंग गतिविधि का पता लगाया और तुरंत उपयोगकर्ताओं को जमा रोकने की सलाह दी। इस कदम से संकेत मिलता है कि स्थिति गंभीर हो सकती है।
इसके बाद प्लेटफॉर्म ने जमा और निकासी दोनों सेवाएं रोक दीं। यह निर्णय संभावित नुकसान को सीमित करने के लिए लिया गया, लेकिन इससे उपयोगकर्ताओं में चिंता बढ़ी।
सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह घटना एक प्राइवेट की लीक से जुड़ी हो सकती है। यदि ऐसा है, तो हमलावर को सिस्टम पर व्यापक नियंत्रण मिल सकता है।
संभावित नुकसान 200 मिलियन डॉलर तक हो सकता है। चोरी की गई संपत्तियों में कई क्रिप्टो टोकन और स्टेबलकॉइन शामिल हैं, जिन्हें अलग-अलग वॉलेट में स्थानांतरित किया गया है।
इस खबर के बाद DRIFT टोकन की कीमत में गिरावट आई। ऐसे घटनाएं अक्सर लंबे समय तक निवेशकों के भरोसे को प्रभावित करती हैं।
